मेरी यात्रा

भारत की ज्ञान की यात्रा

मेरी यात्रा - भारत की ज्ञान की यात्रा

राष्ट्रीय पर्व 15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस)
15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस) : ​15 अगस्त भारतीय इतिहास का सबसे गौरवशाली और महत्वपूर्ण दिन है। इसी दिन वर्ष 1947 में भारत ने लगभग दो शताब्दियों के ब्रिटिश औपनिवेशिक शासन से मुक्ति पाकर एक स्वतंत्र और संप्रभु राष्ट्र के रूप में नई यात्रा शुरू की थी। यह पावन राष्ट्रीय पर्व उन अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों, क्रांतिकारियों और वीर शहीदों के अदम्य साहस, त्याग और बलिदान का स्मरण कराता है जिन्होंने देश को आज़ाद कराने के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। प्रतिवर्ष इस अवसर पर देश के प्रधानमंत्री दिल्ली के ऐतिहासिक लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराते हैं और राष्ट्र को संबोधित करते हैं। पूरे देश में स्कूल, कॉलेज और सरकारी संस्थानों में ध्वजारोहण, सांस्कृतिक कार्यक्रम और देशभक्ति के गीतों के साथ इस उत्सव को बड़े उल्लास और गर्व के साथ मनाया जाता है। 15 अगस्त केवल आज़ादी का जश्न नहीं, बल्कि देश की एकता, अखंडता और विविधता में एकता को संजोए रखने का एक राष्ट्रीय संकल्प भी है।
26 जनवरी (गणतंत्र दिवस)
26 जनवरी (गणतंत्र दिवस) : ​26 जनवरी भारत का एक अत्यंत गौरवशाली राष्ट्रीय पर्व है, जो देश के एक संप्रभु, समाजवादी, धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक गणराज्य बनने के ऐतिहासिक दिन की याद दिलाता है। 26 जनवरी 1950 को स्वतंत्र भारत का अपना संविधान पूर्ण रूप से लागू हुआ था, जिसके मुख्य वास्तुकार डॉ. भीमराव अंबेडकर थे। इस अवसर पर देश की राजधानी नई दिल्ली के कर्तव्य पथ (पूर्व में राजपथ) पर भव्य परेड का आयोजन किया जाता है, जहाँ भारत के राष्ट्रपति तिरंगा फहराते हैं। परेड के दौरान भारतीय सशस्त्र बलों का भव्य शौर्य प्रदर्शन, राज्यों की बहुरंगी सांस्कृतिक झांकियाँ और अत्याधुनिक सैन्य ताकत का प्रदर्शन देश की 'अनेकता में एकता' और शक्ति का प्रतीक बनता है। यह दिन हर नागरिक को संविधान में निहित न्याय, स्वतंत्रता, समानता और बंधुत्व के लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी निष्ठा और कर्तव्य का स्मरण कराता है।

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